Skip to main content

कब समझेंगे

लोग ये बात आख़िर कब समझेंगे ।
बिगडे शहर के हालत ,कब समझेंगे ।

ये है तमाशबीनों का शहर यारो ,
कोई न देगा साथ ,कब समझेंगे ।

जांच करने कत्ल की कोई न आया ,
माननीय शहर मै आज,कब समझेंगे ।

चोर डाकू,लुटेरे पकड़े न जाते ,
सुरक्षा चक्र है जनाब,कब समझेंगे ।

कब से खड़े हैं आप लाइन मैं बैंक की ,
व्यस्त सब पीने मैं चाय,कब समझेंगे ।

बढ रही अश्लीलता सारे देश मैं ,
सब सोराहे चुपचाप,कब समझेंगे।

श्याम, छाई है बेगैरती चहुओर,
क्या निर्दोष है आप, कब समझेंगे ॥
--डा.श्याम गुप्त .

Comments

  1. बहुत ही खुबसूरत लिखा है आपने !

    ReplyDelete
  2. बबली जी , धन्यवाद ।हौसला बढाये रखिए,नज़र बनाये रखिये ।
    कविता पढ्ते रहिये,गज़ल बनाते रहिये ।
    -डा श्याम गुप्त


    सन्जय जी ,
    सहयोग देते रहिये।

    ReplyDelete

Post a Comment

आपका बहुत - बहुत शुक्रिया जो आप यहाँ आए और अपनी राय दी,हम आपसे आशा करते है की आप आगे भी अपनी राय से हमे अवगत कराते रहेंगे!!
--- संजय सेन सागर

Popular posts from this blog

हाथी धूल क्यो उडाती है?

केहि कारण पान फुलात नही॥? केहि कारण पीपल डोलत पाती॥? केहि कारण गुलर गुप्त फूले ॥? केहि कारण धूल उडावत हाथी॥? मुनि श्राप से पान फुलात नही॥ मुनि वास से पीपल डोलत पाती॥ धन लोभ से गुलर गुप्त फूले ॥ हरी के पग को है ढुधत हाथी..

जूजू के पीछे के रियल चेहरे

हिन्दुस्तान का दर्द आज आपको बताने जा रहा है उन कलाकारों के बारे में जिनके काम की बदोलत ''जूजू'' ने सभी के दिलों मे जगह बना ली है..तो जानिए इन कलाकारों के बारे में और आपको यह जानकारी कैसी लगी अपनी राय से अबगत जरुर कराएँ बहुत ही क्यूट, अलग, और मज़ेदार से दिखने वाले जूजू असल में इंसान ही हैं, बस उनको जूजू के कॉस्टयूम पहना दिए गए है। पर ये करना इतना आसान नहीं था, जिस तरह का कॉस्टयूम और एक्ट शूट किए जाने थे उनमे हर मुमकिन कला और रचनात्मकता का प्रयोग किया जाना था। जूजू के पीछे के असल कलाकार कौन है आइये जानते हैं - प्रार्थना सुनिए विज्ञापन- इस विज्ञापन दो जूजू एक पेड़ से लटके दिखाए गए हैं और नीचे एक खाई है। उनमे से एक गिर जाता है और दूसरा अपना फोन निकलकर एक प्रार्थना सुनाता है जिस से की उस के दोस्त की आत्मा को शांति मिल सके। इस विज्ञापन में हैं ये दो कलाकार- रोमिंग विज्ञापन- इस में एक जूजू अपनी गर्लफ्रेंड को खुश करने के लिए फ़ोन पर उससे बातें करता रहता है चाहे वो दुनिया के किसी भी कोने में हो। इस विज्ञापन में सबसे बड़ी चुनौती थी एफ्फिल टावर और पिरा...