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hindi ki shabd sampada:

सामयिकी: हिंदी की शब्द सलिला  संजीव  * आजकल हिंदी विरोध और हिनदी समर्थन की राजनैतिक नूराकुश्ती जमकर हो  रही है। दोनों पक्षों का वास्तविक उद्देश्य अपना राजनैतिक स्वार्थ  साधना है। दोनों पक्षों को हिंदी या अन्य किसी भाषा से कुछ लेना-देना नहीं है। सत्तर के दशक में प्रश्न को उछालकर राजनैतिक रोटियाँ सेंकी जा चुकी हैं । अब फिर तैयारी है किंतु तब  आदमी तबाह हुआ और अब भी होगा । भाषाएँ और बोलियाँ एक दूसरे की पूरक हैं, प्रतिस्पर्धी नहीं । खुसरो से लेकर हजारीप्रसाद द्विवेदी और कबीर से लेकर तुलसी तक हिंदी ने कितने शब्द संस्कृत. पाली, प्राकृत, अपभ्रंश, बुंदेली, भोजपुरी, बृज, अवधी, अंगिका, बज्जिका, मालवी निमाड़ी, सधुक्कड़ी, लश्करी, मराठी, गुजराती, बांग्ला और अन्य देशज भाषाओँ-बोलियों से लिये-दिये और कितने अंग्रेजी, तुर्की, अरबी, फ़ारसी, पुर्तगाली आदि से इसका कोई लेख-जोखा संभव नहीं है.  इसके बाद भी हिंदी पर संकीर्णता, अल्प शब्द सामर्थ्य, अभिव्यक्ति में अक्षम और अनुपयुक्त होने का आरोप लगाया जाना कितना सही है?...

sandesh: hindi par garv

सन्देश; हिंदी पर गर्व करें सन्देश; हिंदी पर गर्व करें, न बोल सकें तो शर्म * हिंदी आटा माढ़िये, उर्दू मोयन डाल, 'सलिल' संस्कृत सान दे, पूड़ी बने कमाल *

नवगीत:: अपना हर पल है हिन्दीमय --संजीव 'सलिल'

नवगीत: संजीव 'सलिल' अपना हर पल है हिन्दीमय एक दिवस क्या खाक मनाएँ? बोलें-लिखें नित्य अंग्रेजी जो वे एक दिवस जय गाएँ... निज भाषा को कहते पिछडी. पर भाषा उन्नत बतलाते. घरवाली से आँख फेरकर देख पडोसन को ललचाते. ऐसों की जमात में बोलो, हम कैसे शामिल हो जाएँ?... हिंदी है दासों की बोली, अंग्रेजी शासक की भाषा. जिसकी ऐसी गलत सोच है, उससे क्या पालें हम आशा? इन जयचंदों की खातिर हिंदीसुत पृथ्वीराज बन जाएँ... ध्वनिविज्ञान- नियम हिंदी के शब्द-शब्द में माने जाते. कुछ लिख, कुछ का कुछ पढने की रीत न हम हिंदी में पाते. वैज्ञानिक लिपि, उच्चारण भी शब्द-अर्थ में साम्य बताएँ... अलंकार, रस, छंद बिम्ब, शक्तियाँ शब्द की बिम्ब अनूठे. नहीं किसी भाषा में मिलते, दावे करलें चाहे झूठे. देश-विदेशों में हिन्दीभाषी दिन-प्रतिदिन बढ़ते जाएँ... अन्तरिक्ष में संप्रेषण की भाषा हिंदी सबसे उत्तम. सूक्ष्म और विस्तृत वर्णन में हिंदी है सर्वाधिक सक्षम. हिंदी भावी जग-वाणी है निज आत्मा में 'सलिल' बसाएँ... ******************** ...