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व्यापारी ने घी का सेम्पल लेने पर विवाद किया

राजस्थान में एक तरफ तो सरकार का शुद्ध के लियें युद्ध का अभियान चल रहा हे दूसरी तरफ कोटा में व्यापारियों का एक समूह इस कार्यवाही के प्रयास में लगे अधिकारीयों से अभद्रता कर इस अभियान को रोकने के प्रयासों में जुटे हें ।
कता में आज तक जब भी अधिकारीयों कर्मचारियों ने चाहे मावा मिलावट जांच हो, चाहे दूध मिलावट जांच हो चाहे पेट्रोल मिलावट जाँच हो कर्मचारियों के साथ बदतमीजी की हे और हालात यह रहे हें के कोटा में कई बार कर्मचारियों को भगा भगा कर पीटा गया हे उलटे कर्मचारियों के खिलाफ व्यापारियों ने बंद का आह्वान किया हे ।
कोटा में कल रामपुरा बाज़ार में एक देसी घी के व्यापारी के खिलाफ जब मिलावट का घी बेचने की शिकायत मिली तो रसद अधिकारी और कुछ कर्मचारी उसकी दुकान पर विधि अनुसार कार्यवाही कर नमूना लेने के लियें पहुंचे लेकिन इस कार्यवाही से नाराज़ सभी व्यापारी एकत्रित हो गये और उन्होंने इसका विरोध करना शुरू कर दिया इस विरोध में जब सम्बन्धित माल हटा लिया गया तब भीड़ हटा कर कुछ लोगों ने कथित सहयोग के नाम पर घी का नमूना दिलवाया लेकिन तब तक व्यापारी के यहाँ से कई घी के पीपे गायब थे ।
अब कोटा में जब कर्मचारियों को सुरक्षा नहीं विरोध करने वाले व्यापारियों को दंड नहीं तो फिर केसे चलेगा यहाँ शुद्ध के लियें युद्ध का अभियान इन हालातों की वजह से ही कोटा राजस्थान की सबसे बढ़ी मिलावट नगरी बन गया हे पेट्रोल,दूध ,दही,घी,मावा सभी प्रकार की खाने पीने की वस्तुओं की बिक्री का कोटा प्रमुख केंद्र बन गया हे और इसी कारण यहाँ कई बीमारियाँ घर कर गयी हे जो लाइलाज भी घोषित हुई हे लेकिन सरकार इन मामलों में गम्भीर नहीं हे । अख्तर खान अकेला कोटा राजस्थान

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