Skip to main content

हिन्दी में एक नई वेबसाइट का आगमन

मित्रों,
बहुत समय से ब्लॉग की तरफ ध्यान नहीं दे पा रहा हूं। आपके ब्लॉग पढ़ता हूं पर लिखने का समय नहीं निकाल पा रहा। आप सोच रहे होंगे कि ऐसी भी मुई क्या व्यस्तता हो गई ! सच तो ये है कि मेरे शहर सहारनपुर की एक ऐसी वेबसाइट बनाने का विचार मार्च २००९ में मन में आया जिसमें वह सब कुछ हो जो सहारनपुर के बारे में दुनिया जानना चाह सकती है और जो सहारनपुर वासी अपने बारे में दुनिया को बताना चाहेंगे। साइट हिन्दी व अंग्रेज़ी में द्विभाषी बनाने की इच्छा थी। प्रोजेक्ट की विशालता को देखते हुए और अपने सीमित संसाधनों को देखते हुए ब्लॉग में समय लगाने के बजाय मैने इस वेबसाइट पर ध्यान केन्द्रित किया। मुझे लगा कि सहारनपुर से उच्च-शिक्षा के लिये, जॉब के लिये या विवाह आदि अन्य कारणों से हर साल हज़ारों युवक-युवतियां बाहर चले जाते हैं। सहारनपुर के बारे में जानते रहने की, सहारनपुर से जुड़े रहने की उनकी इच्छा कभी उनको ओर्कुट पर ले जाती है तो कभी फेस बुक पर । सहारनपुर के लिये वे कुछ करना भी चाहते हैं पर दिशा नहीं मिलती। ऐसे सभी युवाओं के लिये भी, जो देश के विभिन्न हिस्सों में (खासकर बंगलुरु, नॉएडा, गुड़गांव, दिल्ली, मुंबई, पुणे, हैदराबाद) या अमेरिका, इंग्लैंड आदि देशों में रह रहे हैं - यह वेबसाइट एक ऐसा मंच बन जाये जिसमें उनको यहां के समाचार कम से कम साप्ताहिक रूप से तो मिलते ही रहें। बस, यही सब सोच कर एक वेबसाइट बना डाली है www.thesaharanpur.com कभी अवसर मिले तो देखिये और सुझाव भी दीजिये कि इसमें और क्या - क्या दिया जा सकता है, इसे खूबसूरत व आकर्षक बनाने के लिये क्या - क्या किया जाना चाहिये - आदि।
आपका ही अभिन्न,
सुशान्त सिंहल

Comments

Popular posts from this blog

हाथी धूल क्यो उडाती है?

केहि कारण पान फुलात नही॥? केहि कारण पीपल डोलत पाती॥? केहि कारण गुलर गुप्त फूले ॥? केहि कारण धूल उडावत हाथी॥? मुनि श्राप से पान फुलात नही॥ मुनि वास से पीपल डोलत पाती॥ धन लोभ से गुलर गुप्त फूले ॥ हरी के पग को है ढुधत हाथी..

चेतन आनंद/नेपाल-बवाल

समसामयिक लेख- नेपाल का बवाल भारत के लिए खतरा?                   नेपाल का बवाल भारत के लिए कई स्तरों पर खतरा साबित हो सकता है। यह खतरा केवल सीमा सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि कूटनीतिक, आर्थिक, सामरिक और आंतरिक राजनीति पर भी असर डाल सकता है। भारत और नेपाल की खुली सीमा (लगभग 1,770 किमी) से आतंकवादी, माओवादी या अन्य असामाजिक तत्व आसानी से आवाजाही कर सकते हैं। चीन इस स्थिति का फायदा उठाकर नेपाल के माध्यम से भारत पर दबाव बना सकता है। नेपाल में राजनीतिक अस्थिरता से चीन को अपनी पकड़ मजबूत करने का अवसर मिलता है। चीन की बेल्ट एेंड रोड इनिशिएटिव और अन्य परियोजनाओं से नेपाल में उसकी रणनीतिक स्थिति भारत के लिए चुनौती बन सकती है। सीमा विवाद जैसे लिपुलेख, कालापानी, लिम्पियाधुरा को भड़काकर नेपाल की राजनीति भारत विरोधी हो सकती है। नेपाल में बढ़ती राष्ट्रवादी राजनीति भारत के खिलाफ माहौल बना सकती है, जिससे दोनों देशों के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आर्थिक रिश्ते प्रभावित होंगे। भारत-नेपाल के बीच व्यापार और ऊर्जा परियोजनाएँ बाधित हो सकती हैं। नेपाल में अस्थिरता का अस...